
राजगढ़ (नरसिंहगढ़) नरसिंहगढ़ थाना क्षेत्र अंतर्गत मिठनपुर चौकी के जंगलों में एक सप्ताह पूर्व एक अज्ञात लाश मिलने की सूचना पुलिस टीम को प्राप्त हुई थी सूचना पर त्वरित संज्ञान लेकर मौके की कार्यवाही की गई, साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों के दिशा निर्देशन में जल्दी ही मामले में प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।
जिला पुलिस कप्तान श्री प्रदीप शर्मा द्वारा जांच करने के दिशा निर्देश दिए गए प्रारंभिक तौर पर अज्ञात लाश का पंचनामा तैयार कर मर्ग क्रमांक 48/2021 कायम कर जांच प्रारंभ की गई जांच उपरांत प्रकरण में अपराध क्रमांक 464/2021 धारा 302 भादवि के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया और जल्दी ही मामले को सुलझा लिया गया पुलिस टीम द्वारा मिठ्ठनपुर चौकी के जगल मे हुये अंधे कत्ल का खुलासा कर दिया गया।
बताया गया की जंगल मे बालमुकुन्द लबवंशी निवासी पांजरा की किसी अज्ञात व्यक्ति ने धारदार हाथियार से हत्या कर दी है। घटना की तस्दीक तफ्तीस की तो एक अज्ञात व्यक्ति को म्रतक बालमुकुन्द के साथ मे होना पता चला । म्रतक ग्राम मिठ्ठनपुर चौकी के देव स्थल पर लगने वाली धाम पर अपने एक साथी के साथ आया था और करीब 9.00 से 9.30 बजे के बीच पास के जंगल से चिल्ला चोंट एवं बचाओं – बचायो की आवाज आई तो देव स्थान पर आये लोगो द्वारा वहां पहुच कर देखा तो बालमुकुन्द घायल अवस्था मे पडा हुआ था जिसे लोग तत्काल अस्पताल लेकर आये जहा डॉक्टर द्वारा बालमुकुंद को म्रत घोषित कर दिया ।
उक्त घटना की जानकारी लगने के तुरंत बाद ही अति. पुलिस अधीक्षक श्री मनकामना प्रसाद के निर्देशन में एवं एसडीओपी नरसिहगढ श्री भारतेन्दु शर्मा के नेतृत्व एक टीम गठित की गई। थाना प्रभारी रविन्द्र चावरिया अपनी टीम के साथ लगातार घटना के सबंध मे जानकारी जुटा रहे थे तभी पुलिस टीम को सूचना मिली की म्रतक बालमुकुन्द के साथ जो व्यक्ति था वह बडा बैरसिया तरफ का था ।
मुखविर द्वारा बताये अनुसार व्यक्ति की पूरी जानकारी खंगाली गई तो पता चला की उक्त व्यक्ति म्रतक से साथ थाना अहमदपुर जिला सिहोर के अपराध क्र. 80/07 धारा 302,34 भादवि मे सेंट्रल जेल मे वन्द रहा है निवासी बैरसिया जिला भोपाल को अभिरक्षा मे लेकर पूछताछ की तो आरोपी गोपाल पुरी द्वारा वताया की में पेरोल पर अपने घर आया था मेने बालमुकुन्द को अपनी जमानत कराने के लिये 5-6 साल पहले कुछ रूपये दिये थे बालमुकुन्द ने फोन करके मुझे मेरे पैसे देने के लिये बुलाया था तो मैं नरसिहंगढ आया था बालमुकुन्द मुझे बाईपास से अपने मोटर सायकिल पर बैठाकर ग्राम मिठ्ठनपुर चौकी देव स्थान पर ले गया कुछ देर बैठने के बाद बालमुकुन्द मुझे बीड़ी पीने के लिये जंगल तरफ ले गया बालमुकुंद जिस तरीके से मुझसे बात व्यवहार कर रहा था उससे वहा पर मुझे कुछ अनहोनी का अंदेशा हुआ क्योकि मुझसे वहुत लोगो की दुश्मनी है इसी के कारण मेने बालमुकुन्द को प्यास लगने का बहाना बनाकर वापस चलने के लिये कहा फिर हम वहीं पास मे ही बने एक कुऐ पर पानी पीने के लिये गये, मेने वही पर पडा हसिया उठाकर अपने पास छिपा लिया उसके वाद फिर बालमुकुन्द ने फ्रेस होने के लिये कहा ओर फिर मुझे जंगल की दूसरी तरफ ले गया वही पर हम दोनो मे पैसे की वात को लेकर कहा सुनी और झूमाझटकी होने लगी तभी गुस्से मे मेने हसिया निकाल कर मारा तो उसने हाथ आगे कर दिया जिससे बालमुकुन्द का हाथ कट गया फिर मेने उसकी गर्दन व सीने मे भी हसिया से वार किया और एक बडे पत्थर से भी उसके सिर मे मारी उसके वाद उसकी जेव का सामान एवं मोबाईल लेकर में भाग गया। आऱोपी गोपाल पुरी को दिनांक 21.08.21 को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय नरसिहंगढ पेश किया गया।
उक्त सराहनीय कार्य मे निरीक्षक रविन्द्र चावरिया थाना प्रभारी , उनि राकेश दामले, सउनि नैमीचन्द साहू, सउनि रामेश्वर मिश्रा, सउनि गिरवर सिंह मरावी, आर. 643 केशव सिहं राजपूत, आर.353 माधव, सैनिक 11 राजेन्द्र सिंह थाना नरसिहगढ एंव थाना बैरसिया से आऱ 3281 उपेन्द्र बना, आर.3298 रामबाबू एवं राजगढ सायवर सेल से आऱ शशांक सिंह यादव और आरक्षक पवन मीणा की सराहनीय भूमिका रही है।
